किस विकल्प के सभी शब्द 'तद्भव' हैं?
- AOption (a)
सहज, संजोग, समंदर
- BOption (b)
गात, ग्राहक, गणपति
- COption (c)
चाँद, झरना, झुण्ड
- DOption (d)
छकड़ा, काजल, खेत
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Correct answer
छकड़ा, काजल, खेत
Why this answer is correct
सही उत्तर है - छकड़ा, काजल, खेत
Key Points
- इस विकल्प के सभी शब्द 'तद्भव' हैं, जो संस्कृत के मूल शब्दों से बदलकर हिंदी में आए हैं:
- छकड़ा: यह तद्भव शब्द है (संस्कृत के 'शकट' से विकसित)।
- काजल: यह तद्भव शब्द है (इसका तत्सम 'कज्जल' होता है)।
- खेत: यह तद्भव शब्द है (इसका तत्सम 'क्षेत्र' होता है)।
अन्य विकल्प-
- (सहज, संजोग, समंदर): 'सहज' और 'संजोग' (संयोग का तद्भव) तद्भव हैं,लेकिन 'समंदर' मूल रूप से फारसी/अरबी शब्द है।
- (गात, ग्राहक, गणपति): 'गात' तद्भव है, लेकिन 'ग्राहक' और 'गणपति' शुद्ध तत्सम शब्द हैं।
- (चाँद, झरना, झुण्ड): 'चाँद' तद्भव है, लेकिन 'झरना' और 'झुण्ड' प्रायः देशज शब्दों की श्रेणी में आते हैं।
Important Points
- तत्सम - जिन शब्दों को संस्कृत से बिना किसी परिवर्तन के ले लिया जाता है, उन्हें तत्सम शब्द कहते हैं।
- जैसे- सूर्य, दुग्ध, पुष्प, वत्स आदि।
- तद्भव - जिन शब्दों में समय और परिस्थितियों के कारण कुछ परिवर्तन होने से जो शब्द बने हैं, उन्हें तद्भव कहते हैं।
- जैसे- सूरज, दूध, फूल, बेटा आदि।
Additional Informationविदेशज:-
- जो शब्द विदेशी भाषा के हैं, परंतु हिंदी में उन शब्दों का प्रचलन हो रहा है, ऐसे शब्द विदेशज शब्द कहे जाते हैं।
- विदेशी शब्द अरबी, फारसी, तुर्की, अंग्रेजी इत्यादि भाषाओं से लिए गए है। जैसे - औलाद, किस्मत, आईना, उम्मीद, डॉक्टर आदि।
देशज:-
- वे शब्द जिनकी उत्पत्ति का श्रोत ज्ञात न हो और लेकिन भाषा में उनका प्रचलन भरपूर हो, देशज शब्दों की श्रेणी में आते हैं।
- जैसे - लोटा, कटोरा, डोंगा, डिबिया, खिचड़ी, खिड़की, पगड़ी, चिड़िया, जूता, तेंदुआ, फुनगी, कलाई आदि।