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Question 101

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नों के सटीक उत्तर दीजिए

दूसरों को उपदेश देना बहुत ही सरल है, मगर उन उपदेशों को व्यवहार में लाना कठिन है। बहुत से लोग ऐसे हैं जो मंच पर खड़े होकर लोगों को सदाचार, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा पर लंबे-लंबे उपदेश देते हैं, पर स्वयं कभी उन पर आचरण नहीं करते। यदि उपदेशकर्ता की कथनी और करनी में अंतर न हो अर्थात् वह जो कुछ कहे, उस पर अमल करके दिखाए तब उसकी बात का प्रभाव भाषण से कहीं अधिक पड़ेगा। ऐसी स्थिति में लोग उपदेशक का अनुसरण करने में प्रसन्नता का अनुभव करेंगे। यदि वह केवल उपदेश देने का ही लक्ष्य रखता है, और उस उपदेश को अपने आचरण में नहीं लाता, तब उसका उपदेश कोई प्रभाव नहीं डालता।

निम्नलिखित में क्या करना आसान नहीं है ?

  1. AOption (a)

    उपदेश पर अमल न करना

  2. BOption (b)

    उपदेश न देना

  3. COption (c)

    उपदेश पर अमल करना 

  4. DOption (d)

    उपदेश देना

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Correct answer

Answer: (c)C.

उपदेश पर अमल करना 

Why this answer is correct

उपदेश पर अमल करना सबसे आसान नहीं है।

Key Pointsविश्लेषण-

  • गद्यांश में कहा गया है: "दूसरों को उपदेश देना बहुत ही सरल है, मगर उन उपदेशों को व्यवहार में लाना कठिन है।"
  • यह स्पष्ट करता है कि उपदेश देना आसान है, लेकिन उस पर अमल करना (व्यवहार में लाना) कठिन है।

Additional Information

  • विकल्प 1: उपदेश पर अमल न करना - यह आसान है, क्योंकि कई लोग उपदेश देते हैं लेकिन उस पर अमल नहीं करते।
  • विकल्प 2: उपदेश न देना - यह भी आसान हो सकता है, लेकिन गद्यांश का केंद्र उपदेश देने और उसके अमल पर है।
  • विकल्प 3: उपदेश पर अमल करना - गद्यांश में इसे कठिन माना गया है, क्योंकि यह अनुशासन और प्रयास की मांग करता है।
  • विकल्प 4: उपदेश देना - गद्यांश में इसे सरल बताया गया है।

Question 102

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नों के सटीक उत्तर दीजिए

दूसरों को उपदेश देना बहुत ही सरल है, मगर उन उपदेशों को व्यवहार में लाना कठिन है। बहुत से लोग ऐसे हैं जो मंच पर खड़े होकर लोगों को सदाचार, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा पर लंबे-लंबे उपदेश देते हैं, पर स्वयं कभी उन पर आचरण नहीं करते। यदि उपदेशकर्ता की कथनी और करनी में अंतर न हो अर्थात् वह जो कुछ कहे, उस पर अमल करके दिखाए तब उसकी बात का प्रभाव भाषण से कहीं अधिक पड़ेगा। ऐसी स्थिति में लोग उपदेशक का अनुसरण करने में प्रसन्नता का अनुभव करेंगे। यदि वह केवल उपदेश देने का ही लक्ष्य रखता है, और उस उपदेश को अपने आचरण में नहीं लाता, तब उसका उपदेश कोई प्रभाव नहीं डालता।

लोग किस पर उपदेश नहीं देते ?

  1. AOption (a)

    ईमानदारी 

  2. BOption (b)

    कर्तव्यनिष्ठा

  3. COption (c)

    ​सदाचार

  4. DOption (d)

    धर्मपरायणता

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Correct answer

Answer: (d)D.

धर्मपरायणता

Why this answer is correct

लोग धर्मपरायणता पर उपदेश नहीं देते।

Key Pointsविश्लेषण-

  • गद्यांश में उल्लेख है कि लोग "सदाचार, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा" पर उपदेश देते हैं, लेकिन "धर्मपरायणता" का कोई उल्लेख नहीं है।
  • गद्यांश में केवल इन तीन गुणों (सदाचार, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा) को उपदेश का विषय माना गया है, और अन्य गुणों (जैसे धर्मपरायणता) पर उपदेश देने का उल्लेख नहीं है।

Additional Information

  • ईमानदारी - सत्यनिष्ठा, निष्ठा और ईमानदारी का भाव
  • कर्तव्यनिष्ठा - जिम्मेदारी, सावधानी और संगठित तरीके से काम करने का गुण
  • सदाचार - अच्छा आचरण या व्यवहार
  • धर्मपरायणता - ईश्वर या धर्म के प्रति समर्पण, भक्ति और निष्ठा

Question 103

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नों के सटीक उत्तर दीजिए

दूसरों को उपदेश देना बहुत ही सरल है, मगर उन उपदेशों को व्यवहार में लाना कठिन है। बहुत से लोग ऐसे हैं जो मंच पर खड़े होकर लोगों को सदाचार, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा पर लंबे-लंबे उपदेश देते हैं, पर स्वयं कभी उन पर आचरण नहीं करते। यदि उपदेशकर्ता की कथनी और करनी में अंतर न हो अर्थात् वह जो कुछ कहे, उस पर अमल करके दिखाए तब उसकी बात का प्रभाव भाषण से कहीं अधिक पड़ेगा। ऐसी स्थिति में लोग उपदेशक का अनुसरण करने में प्रसन्नता का अनुभव करेंगे। यदि वह केवल उपदेश देने का ही लक्ष्य रखता है, और उस उपदेश को अपने आचरण में नहीं लाता, तब उसका उपदेश कोई प्रभाव नहीं डालता।

बात का प्रभाव भाषण से अधिक कब पड़ता है ?

  1. AOption (a)

    जब आप उस पर अमल करके दिखाएँ 

  2. BOption (b)

    जब आप किसी अन्य की बात करें

  3. COption (c)

    ​जब उपदेश प्रभावी हो

  4. DOption (d)

    जब आपकी बात में सच्चाई हो

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Correct answer

Answer: (a)A.

जब आप उस पर अमल करके दिखाएँ 

Why this answer is correct

बात का प्रभाव भाषण से अधिक तब पड़ता है जब आप उस पर अमल करके दिखाएँ।

Key Pointsविश्लेषण-

  • गद्यांश में कहा गया है: "यदि उपदेशकर्ता की कथनी और करनी में अंतर न हो अर्थात् वह जो कुछ कहे, उस पर अमल करके दिखाए तब उसकी बात का प्रभाव भाषण से कहीं अधिक पड़ेगा।"
  • यह स्पष्ट करता है कि जब कोई व्यक्ति अपने उपदेश पर अमल करके दिखाता है, तभी उसकी बात का प्रभाव भाषण से अधिक पड़ता है।

Question 104

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित में जातिवाचक संज्ञा शब्द है:

  1. AOption (a)

    नदी

  2. BOption (b)

    गंगा

  3. COption (c)

    राम

  4. DOption (d)

    काशी

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Correct answer

Answer: (a)A.

नदी

Why this answer is correct

जातिवाचक संज्ञा शब्द नदी है।

Key Pointsविश्लेषण-

  • हिंदी व्याकरण में संज्ञा को उनके अर्थ और प्रयोग के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है।
  • जातिवाचक संज्ञा वह होती है जो किसी वर्ग, जाति, या समूह की सामान्य संज्ञा को दर्शाती है, जैसे मनुष्य, पशु, नदी, पेड़ आदि। यह किसी विशिष्ट व्यक्ति, स्थान, या वस्तु को नहीं, बल्कि उसकी प्रजाति या वर्ग को संदर्भित करती है।

Additional Information

  • विकल्प 1: नदी
  • विश्लेषण: "नदी" एक जातिवाचक संज्ञा है, क्योंकि यह सभी नदियों (जैसे गंगा, यमुना) के वर्ग या प्रजाति को दर्शाती है। यह किसी विशिष्ट नदी का नाम नहीं, बल्कि नदियों की समग्रता को संदर्भित करती है।
  • निष्कर्ष: यह जातिवाचक संज्ञा है।
  • विकल्प 2: गंगा
  • विश्लेषण: "गंगा" एक व्यक्तिवाचक संज्ञा है, क्योंकि यह एक विशिष्ट नदी (गंगा नदी) का नाम है, जो एक निश्चित पहचान रखती है।
  • निष्कर्ष: यह जातिव���चक नहीं है।
  • विकल्प 3: राम
  • विश्लेषण: "राम" एक व्यक्तिवाचक संज्ञा है, क्योंकि यह एक विशिष्ट व्यक्ति (भगवान राम) का नाम है, जो एक निश्चित पहचान रखता है।
  • निष्कर्ष: यह जातिवाचक नहीं है।
  • विकल्प 4: काशी
  • विश्लेषण: "काशी" एक व्यक्तिवाचक संज्ञा है, क्योंकि यह एक विशिष्ट स्थान (वाराणसी शहर) का नाम है, जो एक निश्चित पहचान रखता है।
  • निष्कर्ष: यह जातिवाचक नहीं है।

Question 105

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित में तत्पुरुष समास नहीं है:

  1. AOption (a)

    जलपिपासु

  2. BOption (b)

    मदांध

  3. COption (c)

    नराधम

  4. DOption (d)

    स्वर्गप्राप्त

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Correct answer

Answer: (c)C.

नराधम

Why this answer is correct

तत्पुरुष समास नहीं है- नराधम

Key Pointsविश्लेषण-

  • नराधम का समास विग्रह "नर है जो अधम" या "नरों में अधम" है।
  • इस शब्द में कर्मधारय समास होता है क्योंकि इसमें विशेषण-विशेष्य का संबंध है ('नर' और 'अधम')।

Important Points

  • तत्पुरुष समास वह होता है जिसमें दो या अधिक शब्द मिलकर एक नई संज्ञा बनाते हैं, और इसका विग्रह करने पर संबंधसूचक अव्यय (जैसे "का", "के", "की") का प्रयोग होता है।
  • इसमें उत्तरपद (दूसरा शब्द) प्रधान होता है।

Additional Information

  • जलपिपासु का समास विग्रह है "जल को पीने की इच्छा रखने वाला" या "जल की प्यास" और यह शब्द तत्पुरुष समास (विशेष रूप से कर्म तत्पुरुष) का उदाहरण है, क्योंकि इसमें 'को' कारक चिह्न का लोप है, जो किसी कार्य (पीने की इच्छा) को दर्शा रहा है, जो प्यास लगने का भाव है, यानी जो पानी पीना चाहता है।
  • मदांध का समास विग्रह है 'मद से अंधा'। यह करण तत्पुरुष समास का उदाहरण है, क्योंकि इसमें 'से' कारक चिह्न का लोप हुआ है।
  • स्वर्गप्राप्त का समास विग्रह स्वर्ग को प्राप्त है, और इसमें कर्म तत्पुरुष समास है।

Question 106

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित में स्वर संधि वाला शब्द नहीं है :

  1. AOption (a)

    वार्तालाप

  2. BOption (b)

    तल्लीन

  3. COption (c)

    परमार्थ

  4. DOption (d)

    कुशासन

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Correct answer

Answer: (b)B.

तल्लीन

Why this answer is correct

स्वर संधि वाला शब्द नहीं है- तल्लीन

Key Pointsविश्लेषण-

  • तल्लीन का संधि विच्छेद तत् + लीन है, और यह एक व्यंजन संधि का उदाहरण है। इस संधि में, 'त्' के बाद 'ल' आने पर 'त्' का 'ल्' में परिवर्तन हो जाता है।

Important Points

  • 'वार्तालाप' का सही संधि विच्छेद वार्ता + आलाप है, और इसमें दीर्घ संधि होती है, जहाँ 'वार्ता' के अंत का 'आ' और 'आलाप' के आरंभ का 'आ' मिलकर दीर्घ 'आ' बनाते हैं, जिससे 'वार्तालाप' शब्द बनता है।
  • परमार्थ का संधि विच्छेद परम + अर्थ है, और यह दीर्घ स्वर संधि का उदाहरण है, जिसमें 'अ' और 'अ' मिलकर 'आ' बनाते हैं (अ + अ = आ)। इसका अर्थ परोपकार या दूसरों का भला होता है।
  • कुशासन का सही संधि-विच्छेद कुश + आसन है, जिसका अर्थ 'कुश (एक प्रकार की घास) से बना आसन' होता है और यह दीर्घ स्वर संधि का उदाहरण है, जहाँ 'अ' (कुश के अंत में) और 'आ' (आसन के आदि में) मिलकर 'आ' बनाते हैं, लेकिन यह शब्द कई बार 'कु' (बुरा) + शासन (शासन) के रूप में भी प्रयोग होता है और इसमें अव्ययीभाव समास होता है, जिसका अर्थ 'बुरा शासन' होता है।

Question 107

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

'इन्द्र' शब्द का पर्यायवाची शब्द नहीं है:

  1. AOption (a)

    पुरंदर

  2. BOption (b)

    सुरपति

  3. COption (c)

    सुरेन्द्र

  4. DOption (d)

    मनोज

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Correct answer

Answer: (d)D.

मनोज

Why this answer is correct

'इन्द्र' शब्द का पर्यायवाची शब्द नहीं है- मनोज।

Key Pointsविश्लेषण-

  • हिंदी में पर्यायवाची शब्द (Synonyms) वे शब्द होते हैं जो समान या निकटतम अर्थ रखते हों।

Important Pointsइन्द्र के पर्यायवाची है-

  • देवराज, सुरपति, शचीपति, देवराज, पुरंदर, वज्रधर, सहस्राक्ष, सुरेश, मघवा, और वासव।

मनोज के पर्यायवाची है-

  • कामदेव, मदन, मन्मथ, अनंग, कंदर्प, मार, मनसिज और आत्मभू।

Additional Informatio

  • कुछ महत्वपूर्ण पर्यायवाची शब्द:-
  • पानी - जल, वारि, नीर, तोय, सलिल, अंबु, सर।
  • आकाश - व्योम, शून्य, गगन, अम्बर, आसमान, अंतरिक्ष, नभ, अनंत।
  • हवा - पवन, वायु, समीर, अनिल, वात, मरुत्, पवमान, बयार, प्रकंपन।
  • साँप - सर्प, नाग, विषधर, व्याल, भुजंग, उरग, अहि पन्नग।
  • जंगल - वन, कानन, बीहड़, विटप, विपिन।
  • घर - गृह, सदन, आवास, आलय, गेह, निवास, निलय, मंदिर।
  • अमृत - सुधा, सोम, पीयूष, अमिय, जीवनोदक
  • असुर - राक्षस, दैत्य, दानव, निशाचर, दनुज, यातुधान, निशिचर, रजनीचर।
  • अश्व - घोड़ा, हय, तुरंग, वाजी, घोटक, सैंधव, तुरंग।
  • आँख - नेत्र, दृग, नयन, लोचन, चक्षु, अक्षि, अंबक, दृष्टि, विलोचन।

Question 108

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

'सोने में सुहागा' मुहावरे का सटीक अर्थ है :

  1. AOption (a)

    सोने में सुहाग मिलाना

  2. BOption (b)

    किसी को अत्यधिक लाभ पहुँचाना 

  3. COption (c)

    अच्छी चीज का और अच्छा हो जाना

  4. DOption (d)

    लाभ का दो गुना हो जाना

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Correct answer

Answer: (c)C.

अच्छी चीज का और अच्छा हो जाना

Why this answer is correct

'सोने में सुहागा' मुहावरे का सटीक अर्थ है- अच्छी चीज का और अच्छा हो जाना

Key Pointsसोने में सुहागा-

  • अर्थ- अच्छी चीज का और अच्छा हो जाना
  • वाक्य प्रयोग-
  • "दीवाली पर तुषार ने कार खरीदी और उसे माइक्रोवेव भी मुफ़्त मिला, यह तो सोने पर सुहागा हो गया।"

Important Pointsमुहावरे की परिभाषा-

  • मुहावरे वे स्थायी वाक्यांश होते हैं जिनका अर्थ सामान्य शब्दों से भिन्न और प्रतीकात्मक होता है।
  • इन्हें रोजमर्रा की भाषा में प्रयोग करके, भाषाई प्रभाव और अभिव्यक्ति को रोचक बनाया जाता है।

Additional Informationमुहावरे- उदाहरण, अर्थ और वाक्य प्रयोग-

मुहावराअर्थवाक्य प्रयोग
नाक में दम करनाबहुत परेशान करनाछोटे बच्चे ने अपनी शरारतों से सबकी नाक में दम कर दिया।
आसमान सर पर उठानाबहुत शोर करना या हंगामा करनाउसने छोटी सी बात पर ही घर का आसमान सर पर उठा लिया।
दिल पर हाथ रखनाबहुत डर या चिंता महसूस होनापरीक्षा के परिणाम सुनकर छात्र ने दिल पर हाथ रख लिया।
हाथ-पाँव फूलनाघबराना या परेशान होनापहले मैच की बल्लेबाजी करते हुए उसके हाथ-पाँव फूल गए।
खून का प्यासा होनाबहुत ज्यादा दुश्मनी रखनावह व्यक्ति मेरे खून का प्यासा बन गया है।

Question 109

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

निम्नलिखित में अशुद्ध शब्द है:

  1. AOption (a)

    दुष्कर

  2. BOption (b)

    सीधा-साधा

  3. COption (c)

    धोखा

  4. DOption (d)

    हिन्दुस्तान

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Correct answer

Answer: (b)B.

सीधा-साधा

Why this answer is correct

अशुद्ध शब्द है- सीधा-साधा

Key Pointsविश्लेषण-

  • 'सीधा साधा' का शुद्ध रूप सीधा-सादा है, जिसमें दोनों शब्दों के बीच हाइफ़न (-) लगता है, क्योंकि यह एक युग्म शब्द (जोड़े वाला शब्द) है जिसका अर्थ 'सरल', 'निष्कपट' या 'भोला-भाला' होता है, और इसे इस तरह हाइफ़न के साथ ही प्रयोग किया जाता है, जैसे 'वह सीधा-सादा आदमी है'।

Important Points

  • विकल्प 1: दुष्कर
  • विश्लेषण: "दुष्कर" का अर्थ है "कठिन" या "संकटपूर्ण"। यह शब्द दुष् (उपसर्ग, अर्थ: बुरा) + कर (क्रिया, अर्थ: करना) से बना है, और यह मानक हिंदी में सही वर्तनी और प्रयोग वाला शब्द है।
  • निष्कर्ष: यह शुद्ध है।
  • विकल्प 3: धोखा
  • विश्लेषण: "धोखा" का अर्थ है- "छल" या "धोखाधड़ी"। यह एक मानक हिंदी शब्द है, जो फारसी से तद्भव रूप में आया है, और इसकी वर्तनी व उच्चारण सही है।
  • निष्कर्ष: यह शुद्ध है।
  • विकल्प 4: हिन्दुस्तान
  • विश्लेषण: "हिन्दुस्तान" भारत के लिए एक प्रचलित नाम है, जो फारसी से लिया गया है (हिंद + स्थान = हिन्दुस्तान)।
  • निष्कर्ष: यह शुद्ध है।

Question 110

EMRS TGT 2023• General English & Hindi

विलोम शब्द के आधार पर असंगत शब्द युग्म है:

  1. AOption (a)

    दुर्लभ - सुलभ

  2. BOption (b)

    उन्नति - अवनति 

  3. COption (c)

    निंदा - प्रार्थना

  4. DOption (d)

    तीव्र - मंद

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Correct answer

Answer: (c)C.

निंदा - प्रार्थना

Why this answer is correct

विलोम शब्द के आधार पर असंगत शब्द युग्म है- निंदा - प्रार्थना

  • निंदा का विलोम शब्द प्रशंसा है।
  • प्रार्थना का विलोम आज्ञा है।

Key Pointsविलोम - 

  • जो शब्द किसी एक शब्द के विपरीत अर्थ को व्यक्त करते हैं, वे विलोम शब्द कहलाते हैं।

Important Pointsकुछ अन्य महत्वपूर्ण विलोम शब्द-

शब्दविलोम
उन्नतिअवनति
सफलताअसफलता
आरोहणअवरोहण
विकासविनाश
उदयअस्त
प्रगतिपतन
सृजनसंहार
आदरनिरादर